योगासन प्रकार

सुबह सबसे पहले करें ये आसन

योग करने के कई फायदे हैं। नियमित योग करने से से आप दिल और याद्दाश्‍त मजबूत होता है। सबसे अच्छी बात है कि योगा से आपके दिमाग में सकारात्‍मक ऊर्जा का संचार होता है। तो रोज सुबह उठकर इन  योगासनों को करें।

भुजंगासन

इस आसन से न सिर्फ पेट की चर्बी कम होती है बल्कि बाजुओं, कमर और पेट की मांसपेशियों को मजबूती मिलती है और शरीर लचीला बनता है।

योग के प्रकार

योग के प्रकार

"योग" में विभिन्न किस्म के लागू होने वाले अभ्यासों और तरीकों को शामिल किया गया है।

  • 'ज्ञान योग' या दर्शनशास्त्र
  • 'भक्ति योग' या  भक्ति-आनंद का पथ
  • 'कर्म योग' या सुखमय कर्म पथ

राजयोग, जिसे आगे आठ भागों में बांटा गया है, को अष्टांग योग भी कहते हैं। राजयोग प्रणाली का आवश्यक मर्म, इन विभिन्न तरीकों को संतुलित और एकीकृत करने के लिए, योग आसन का अभ्यास है।

सभी के लिए योग

सभी के लिए योग

योग की सुंदरताओं में से, एक खूबी यह भी है कि बुढे या युवा, स्वस्थ (फिट) या कमजोर सभी के लिए योग का शारीरिक अभ्यास लाभप्रद है और यह सभी को उन्नति की ओर ले जाता है। उम्र के साथ साथ आपकी आसन की समझ ओर अधिक परिष्कृत होती जाती है। हम बाहरी सीध और योगासन  के तकनिकी (बनावट) पर काम करने बाद अन्दरूनी सुक्ष्मता पर अधिक कार्य करने लगते है और अंततः हम सिर्फ आसन में ही जा रहे होते हैं।