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योग द्वारा अपने बालों का ख्याल रखें |

बालों का ख्याल रखें

चाहे वह औरत हो या आदमी, आजकल के आधुनिक जीवन में बाल झड़ने की समस्या मानों हर किसी के लिए एक आम बात हो गयी है। इस समस्या का आम होना कोई हैरान करने वाली बात नहीं है क्यूंकि आजकल हर व्यक्ति दूषित खान-पान व वातावरण में रहता है। परन्तु योग द्वारा इस समस्या का समाधान किया जा सकता है।
हर परिस्थिति में एक बात महत्वपूर्ण है- रोकथाम उपचार से बेहतर है। पढ़िए कि किस प्रकार योग द्वारा आप बाल झड़ने की समस्या का समाधान कर सकते हैं।
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पेट की चर्बी घटाए धनुरासन

पेट की चर्बी घटाए धनुरासन

आज पूरी दुनिया मोटापे से परेशान है और इसके लिये लोक बहुत परेशान हैं। अगर आप बिना जिम जाए पेट की चर्बी को घटाना चाहते हैं तो, धनुरासन करें। धनुरासन से पेट की चर्बी कम होती है। धनु का अर्थ धनुष होता है। इस आसन में धनुषाकार आकृति बनाई जाती है। इसमें हाथों का उपयोग सिर, धड और टांगों को ऊपर खींचने के लिए प्रत्यंचा की तरह किया जाता है। शरीर को धनुष के समान टेड़ाकरके फ़ैलाने और शरीर को सशक्त बनाने की इस क्रिया से तरुणाई की प्राप्ति होती है। इससे सभी आंतरिक अंगों, माँसपेशियों और जोड़ों का व्यायाम हो जाता है। गले के तमाम रोग नष्ट होते हैं। पाचनशक्ति बढ़ती है। श्वास की क्रिया व्यवस्थित चलती है। मेरुदं Read More : पेट की चर्बी घटाए धनुरासन about पेट की चर्बी घटाए धनुरासन

योगासन: 

किस रोग में कौन से योग आसन कारगर

आसन कारगर

मोटापा : वैसे तो मात्र आंजनेय आसन ही लाभयायक सिद्ध होगा लेकिन आप करना चाहे तो ये भी कर सकते हैं- वज्रासन, मण्डूकासन, उत्तानमण्डूसकासन, उत्तानकूर्मासन, उष्ट्रासन, चक्रासन, उत्तानपादासन, सर्वागांसन व धनुरासन, भुजंगासन, पवनमुक्तासन, कटिचक्रासन, कोणासन, उर्ध्वाहस्तोहत्तातनासन और पद्मासन। Read More : किस रोग में कौन से योग आसन कारगर about किस रोग में कौन से योग आसन कारगर

प्राकृतिक चिकित्सा प्रणाली की विशेषताएं

प्राकृतिक चिकित्सा प्रणाली
  1. सभी रोगों, उनके कारण और उपचार एक हैं। दर्दनाक और पर्यावरणीय स्थिति को छोड़कर, सभी रोगों का कारण एक है यानी शरीर में रुग्णता कारक पदार्थ का संचय होना। सभी रोगों का उपचार शरीर से रुग्णता कारक पदार्थ का उन्मूलन है।
  2. रोग का प्राथमिक कारण रुग्णता कारक पदार्थ का संचय है। बैक्टीरिया और वायरस शरीर में प्रवेश कर तभी जीवित रहते हैं जब रुग्णता कारक पदार्थ का संचय हो और उनके विकास के लिए एक अनुकूल वातावरण शरीर में स्थापित हुआ हो। अतः रोग का मूल कारण रुग्णता कारक पदार्थ है और बैक्टीरिया द्वितीयक कारण बनते हैं।
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योग करें, धूम्रपान से छुटकारा पाएं

योग करें

धूम्रपान के नुकसान से तो हर कोई वाकिफ है, लेकिन इस लत को छोड़ पाने में सभी बेहद लाचार साबित होते हैं। लेकिन ताजा अध्ययन में पता चला है कि योग के जरिए धूम्रपान की लत से छुटकारा पाने में आसानी होती है। प्राण योग के विशेषज्ञ दीपक झा ने बताया कि योग, धूम्रपान छोड़ने का एक समग्र समाधान है। साथ ही दीपक यह भी बताते हैं कि योग केवल धूम्रपान की आदतों से ही लोगों को दूर नहीं रखता बल्कि शरीर पर हुए दुष्प्रभाव को भी दूर कर देता है। धूम्रपान छोड़ने के लिए यूं तो बाजार में तमाम तरह के रासायनिक विकल्प उपलब्ध हैं, लेकिन इनके सहारे धूम्रपान छोड़ना उतना आसान नहीं होता। Read More : योग करें, धूम्रपान से छुटकारा पाएं about योग करें, धूम्रपान से छुटकारा पाएं

गैस की दिक्कत को यूं करें गायब

गैस की दिक्कत

पेट गैस को अधोवायु बोलते हैं। इसे पेट में रोकने से कई बीमारियां हो सकती हैं, जैसे एसिडिटी, कब्ज, पेटदर्द, सिरदर्द, जी मिचलाना, बेचैनी आदि। लंबे समय तक अधोवायु को रोके रखने से बवासीर भी हो सकती है। आयुर्वेद कहता है कि आगे जाकर इससे नपुंसकता और महिलाओं में यौन रोग होने की भी आशंका हो सकती है।

गैस बनने के लक्षण 
पेट में दर्द, जलन, पेट से गैस पास होना, डकारें आना, छाती में जलन, अफारा। इसके अलावा, जी मिचलाना, खाना खाने के बाद पेट ज्यादा भारी लगना और खाना हजम न होना, भूख कम लगना, पेट भारी-भारी रहना और पेट साफ न होने जैसा महसूस होना।  Read More : गैस की दिक्कत को यूं करें गायब about गैस की दिक्कत को यूं करें गायब

प्राणायाम से दूर होते हैं ये रोग

प्राणायाम से दूर

 चरक ने वायु को मन का नियंता एवं प्रणेता माना है। आयुर्वेद अनुसार काया में उत्पन्न होने वाली वायु है उसके आयाम अर्थात निरोध करने को प्राणायाम कहते हैं। आओ जानते हैं कैसे करें प्राणायाम और कौन-सा रोग मिटेगा प्राणायाम से...

प्राणायाम के पांच फायदे जानना जरूरी

प्राणायाम की शुरुआत : प्राणायाम करते समय 3 क्रियाएं करते हैं- 1.पूरक, 2.कुंभक और 3.रेचक। इसे ही हठयोगी अभ्यांतर वृत्ति, स्तम्भ वृत्ति और बाह्य वृत्ति कहते हैं। Read More : प्राणायाम से दूर होते हैं ये रोग about प्राणायाम से दूर होते हैं ये रोग

कमर दर्द के लिए योगासन

कमर दर्द के

कमर का दर्म कमर तोड़ देता है। कमर का दर्द असहनीय होता है। पीठ दर्द, कमर दर्द, सरवाइकल और कमर से जुड़ी अन्य समस्याएं आम हो गई है। डॉक्टर भी कहते हैं कि इसका सबसे अच्छा इलाज योग ही है। आओ जानते हैं कि वह कौन से आसन हैं जिससे कमर का दर्द ठीक हो जाता है। ये चार आसन है- मकरासन, भुजंगासन, हलासन और अर्ध मत्येन्द्रासन।  Read More : कमर दर्द के लिए योगासन about कमर दर्द के लिए योगासन

योगा से हेयर केयर

योगा से हेयर केयर

बालों समस्या अब आम हो चली है। इसका कारण शहर का प्रदूषण, धूल, धुवां और दूषित भोजन-पानी। इस सबके कारण सिर से लेकर पांव तक त्वचा रुखी हो जाती है। रुखी त्वचा से जहां, डैंड्रफ और बालों से संबंधित अन्य रोग होते हैं वहीं यह चर्म रोग का कारण भी बन सकता है। Read More : योगा से हेयर केयर about योगा से हेयर केयर

पेट, कमर और पीठ के लिए करें योगा

लिए करें योगा

यदि आपका पेट थुलथुल हो रहा है, कमर मोटी हो चली है या पीठ दुखती रहती है, तो योग की यह हल्की-फुल्की एक्सरसाइज करें। ‍इस एक्सरसाइज के नियमित अभ्यास करते रहने से निश्चितरूप से जहां पेट फ्लैट हो जाएगा वहीं कमर भी छरहरी हो जाएगी। Read More : पेट, कमर और पीठ के लिए करें योगा about पेट, कमर और पीठ के लिए करें योगा

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