आपके व्‍यवसाय का निधीयन

आपके व्‍यवसाय का निधीयन

किसी व्‍यवसाय जीवन चक्र के प्रत्‍येक चरण पर वित्‍तीयन आवश्‍यक होता है । एमएसएमई इकाइयों को लगाने एवं उनके परिचालनों को बढ़ाने तथा नए उत्‍पाद विकसित करने हेतु वित्‍तीयन आवश्‍यक है । भारत के पास एक सुवि‍कसित वित्‍तीय प्रणाली है, जिसमें बैंक, वित्‍तीय संस्‍थान, गैर बैंकिंग वित्‍तीय कंपनियां एवं उद्यम पूंजी कंपनियां शामिल हैं । ये सभी संस्‍थाएं इस उद्योग की विविध वित्‍तीय जरूरतों को पूरा करती हैं। एमएसएमई इकाइयों की वित्‍तीय जरूरतों को पूरा करने हेतु विभिन्‍न बैंकों व वित्‍तीय संस्‍थाओं द्वारा विभिन्‍न योजनाएं कार्यान्वित की जा रही हैं ।

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