Anand's blog

अमरीका में अब नहीं चलेगा 'चाइना मोबाइल'

चीनी सरकार के अधिग्रहण वाली कंपनी चाइना मोबाइल ने साल 2011 में अमरीका के यूएस फेडरल कम्युनिकेशन कमीशन (एफ़सीसी) के पास लाइसेंस प्राप्त करने के लिए अर्जी दी थी.

लेकिन अमरीका के वाणिज्य विभाग ने इस अर्जी को ख़ारिज करने की सलाह दी है.

हाल में अमरीका और चीन के बीच के शुरू हुए ट्रेड वॉर के बाद वाणिज्य विभाग की तरफ से यह सलाह दी गई है.

वाणिज्य विभाग में संचार एवं सूचना के सहायक सचिव डेविड जे रेडिल ने कहा है, ''चाइना मोबाइल के साथ तमाम तरह की बातचीत और वार्ता के बाद अमरीकी कानून और राष्ट्रीय सुरक्षा के संबंध में जो ख़तरे बताए गए थे, वे अभी भी सुलझाए नहीं जा सके हैं.''

भगवान बुद्ध के विचार

भगवान बुद्ध

चार श्रेष्ठ सत्य -
१. दुनिया में दुःख है।
२. दुखों का कोई-न-कोई कारण है। 
३. दुखों का निवारण संभव है।
४. दुःख निवारण के लिए मार्ग है ।

- दुखों का मूल कारण अज्ञानता है। 
  अज्ञानता के कारण ही इंसान मोह-माया और तृष्णा में फंसा रहता है।
- अज्ञानता से छुटकारा पाने के लिए अष्टांग मार्ग का पालन  आवश्यक है जो कि इस प्रकार है-
१. सही समझ, 
२. सही विचार, 
३. सही वाणी, 
४. सही कार्य, 
५. सही आजीविका, 
६. सही प्रयास, 
७. सही सजगता और 
८. सही एकाग्रता

 

बुद्धवाणी : बुद्धि से ही यह समस्त संसार प्रकाशवान है

बुद्धवाणी : बुद्धि से ही यह समस्त संसार प्रकाशवान है

■ पांचों इंद्रियों की मदद से जो ज्ञान मिलता है वही बुद्धि है। बुद्धि का होना ही सत्य है। बुद्धि से ही यह समस्त संसार प्रकाशवान है।
■ न यज्ञ से कुछ होता है और न ही धार्मिक किताबों को पढ़ने मात्र से।
 ■ पूजा-पाठ से पाप नहीं धुलते।
■ जैसा मैं हूं, वैसे ही दूसरा प्राणी है। जैसे दूसरा प्राणी है, वैसा ही मैं हूं इसलिए न किसी को मारो, न मारने की इजाजत दो।
■ किसी बात को इसलिए मत मानो कि दूसरों ने ऐसा कहा है या यह रीति-रिवाज है या बुजुर्ग ऐसा कहते हैं।
 मानो उसी बात को, जो कसौटी पर खरी उतरे।

फर्जी मैसेज रोकने में विफल हो रहा व्हाट्सएप, जा रही है लोगों की जान

फर्जी मैसेज

सोशल मीडिया के इस दौर में स्मार्टफोन लोगों को बेवकूफ बना रहा है। तेजी से फैलती झूठी खबरें न सिर्फ लोगों को गुमराह कर रही हैं, बल्कि लोगों की जान भी ले रही हैं। केंद्रीय गृह मंत्रालय की एक रिपोर्ट के मुताबिक साल 2017 में सांप्रदायिक हिंसा के 822 मामले सामने आए थे।

पिछले हफ्ते मध्य प्रदेश के दो निर्दोष लोगों को भीड़ ने पीट-पीटकर अधमरा कर दिया था। बालाघाट, सिवनी और छिंदवाड़ा जिलों में एक व्हाट्सऐप वीडियो सर्कुलेट हुआ था, जिसमें लोगों से कहा गया था कि दो लोग किसी आदमी के शरीर से अंग निकालने के लिए उसकी हत्या करने जा रहे हैं।

इन 9 देशों में 'ख़त्म हो रहा है धर्म' (ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रिया, कनाडा, चेक रिपब्लिक, फिनलैंड, आयरलैंड, नीदरलैंड्स, न्यूज़ीलैंड और स्विटज़रलैंड)

ख़त्म हो रहा

सेंसस रिपोर्ट पर आधारित जानकारी के मुताबिक़ इन देशों में धर्म पर विश्वास ना करने वाले लोगों की संख्या लगातार बढ़ रही है.

डलास में 'अमेरिकन फिज़िकल सोसायटी' की बैठक में रखे गए शोध के नतीजों से संकेत मिलता है कि इन देशों में धर्म का अस्तित्व 'बस ख़त्म होने को है'.

ये देश हैं ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रिया, कनाडा, चेक रिपब्लिक, फिनलैंड, आयरलैंड, नीदरलैंड्स, न्यूज़ीलैंड और स्विटज़रलैंड.

शोध करने वाली टीम ने इन देशों में पिछले सौ सालों की जनगणना के आंकड़े जमा किए गए.

इनमें धर्म को लेकर लोगों के जवाबों के आधार पर शोधकर्ता इस निष्कर्ष पर पहुंचे.

रजनीशपुरम के बर्बाद होने के पीछे शीला का काला सच

रजनीशपुरम के बर्बाद होने के पीछे  शीला का काला सच

मां आनंद शीला 1981 से 1985 तक ओशो रजनीश की सचिव थी। इन चार साल में उसने ओशो को कई बार मारने का प्रयास किया। यही नहीं, ओशो तक पहुंच बनाने और कम्यून की सर्वेसर्वा बनने के लिए उसने ओशो संन्यासियों को धीमा जहर देकर मारने का भी प्रयास किया।

सत्ता और ध्यान मिलने की अपने लालच को छोड़कर शीला का एक अन्य प्रयोजन भी था ओशो रजनीश का खात्मा करने के लिए सरकार की मदद करना। लेकिन रजनीश के खात्मे तक भी शीला के कम्यून की सर्वेसर्वा बने रहने की योजना सफल नहीं हो पाई।

बिजनेस शुरू करने से पहले जानें कानून का फंडा

बिजनेस शुरू करने से पहले जानें कानून का फंडा

स्टार्टअप शुरू करने के बाद सबसे बड़ी चुनौती उससे जुड़ी औपचारिकताओं को पूरा करने की है। रजिस्ट्रेशन की रस्सी जकड़ने लगती है तो परमिशन का पंगा निपटाने में पसीने छूट जाते हैं। एक्सपर्ट्स की मदद से अमित मिश्रा बता रहे हैं कैसे निपटें स्टार्टअप के आड़े आने वाली लीगल अड़चनों से: बूझें स्टार्टअप की लीगल पहेली अक्सर देखने में आता है जब कोई स्टार्टअप बड़ा होने लगता है तो रजिस्ट्रेशन और परमिशन के भंवर में फंस कर रह जाता है। इससे बचने का सही तरीका यह है कि शुरुआत से ही कुछ वक्त और पैसा अपनी कंपनी के हिसाब से इनवेस्ट करें। स्टार्टअप की शुरुआत में दो तरह की कानूनी अड़चनें आती हैं: - रजिस्ट्रेशन: यह मुख्

घुमक्कड़-शास्त्र – (लेखक – राहुल सांकृत्यायन)

राहुल सांकृत्यायन पुस्तकें, राहुल सांकृत्यायन के यात्रा वृतांत का सारांश, राहुल सांकृत्यायन के विचार, राहुल सांकृत्यायन का यात्रा वृतांत, राहुल सांकृत्यायन जीवन परिचय, किन्नर देश में राहुल सांकृत्यायन, राहुल सांकृत्यायन के उपन्यास, राहुल सांकृत्यायन की रचनाएँ

घुमक्कड़ के स्वावलंबी होने के लिए उपसुक्त कुछ बातों को हम बतला चुके हैं। क्षौरकर्म, फोटोग्राफी या शारीरिक श्रम बहुत उपयोगी काम हैं, इसमें शक नहीं; लेकिन वह घुमक्कड़ की केवल शरीर-यात्रा में ही सहायक हो सकते हैं। उनके द्वारा वह ऊँचे तल पर नहीं उठ सकता, अथवा समाज के हर वर्ग के साथ समानता के साथ घुल-मिल नहीं सकता। सभी वर्ग के लोगों में घुल-मिल जाने तथा अपने कृतित्व को दिखाने का अवसर घुमक्कड़ को मिल सकता है, यदि उसने ललित कलाओं का अनुशीलन किया है। हाँ, यह अवश्य है कि ललित-कलाएँ केवल परिश्रम के बल पर नहीं सीखी जा सकतीं। उनके लिए स्वामाविक रुचि का होना भी आवश्‍यक है। ललित-कलाओं में नृत्य, वाद्य और

Pages