अपने दांतों की देखभाल और उनको रखे दूध जैसे चमकीले तथा स्वच्छ

अपने दांतों की देखभाल और उनको रखे दूध जैसे चमकीले तथा स्वच्छ

मुंह और दांतों की देखभाल कैसे करें 

मुंह को मानव अंगों में सबसे ज्यादा अस्थिर या परिवर्तनशील अंग माना जाता है। शरीर को जिंदा रहने के लिए आहार की जरूरत होती है जो सबसे पहले मुंह द्वारा ही ग्रहण किया जाता है। पाचन क्रिया का पहला चरण भी मुंह के भीतर दांत द्वारा ही संपन्न होता है। मुंह का आकार और विशेष रूप से होंठों की बनावट विचारों की अभिव्यक्ति को बहुत अधिक प्रभावित करते हैं। अत: यह स्पष्ट है कि मुंह और इसके प्रमुख हिस्सों जैसे दांत, जीभ और मसूढ़े की सबसे अच्छी देखभाल की जानी चाहिए। दांतों की देखभाल न तो कठिन है और न ही खर्चीली। सिर्फ जरूरत है- बचपन से दांतों की सफाई की आदत डालने की। सुबह और रात में सोने से पहले ब्रश करने और कुछ भी खाने के बाद कुल्ला करने की आदत बच्चों में शुरू से ही डालनी चाहिए। 

बच्चों के दांत  कब और कैसे 

जन्म लेने से पहले मां के गर्भ में ही बच्चे के बीस दांतों का पहला सेट बनने की प्रक्रिया की शुरुआत हो जाती है क्योंकि ये मसूढ़े गर्भस्थ शिशु के शरीर के अन्य भागों के रूप हैं और मां के आहार से इनका निर्माण होता है इसलिए गर्भावस्था में मां के खानपान पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। गर्भकाल के दौरान यदि मां संतुलित और पौष्टिक आहार लेती है तो गर्भस्थ शिशु का सही विकास होता है। 

बच्चों के आहार पर भी विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। जब तक बच्चों के दांत निकलते रहते हैं यानी किशोरावस्था तक संतुलित पौष्टिक आहार दिया जाना चाहिए। खान-पान की अच्छी आदत पूरी जिंदगी बनी रहे तो दूसरे अंगों की तरह दांत भी स्वस्थ रहेंगे। शारीरिक स्वास्थ्य के लिए जो पौष्टिक आहार लेने की सलाह दी जाती है वही दांतों के स्वास्थ्य के लिए पर्याप्त है। दांतों के स्वास्थ्य के लिए इस बात पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए कि कुछ भी मीठा खाने के बाद कुल्ला करें और मीठा खाने में थोड़ा नियंत्रण रखें क्योंकि दांतों में चिपकी चीनी के फर्मन्टेंशन से एसिड बनता है जो दंतक्षय का प्रमुख कारण है।

प्राय: दो-ढाई साल की उम्र तक बच्चे के बीस दूध के दांत निकल चुके होते हैं। कभी-कभी ये दूध के दांत टेढ़े-मेढ़े निकलते हैं इसलिए बच्चे को दंत रोग विशेषज्ञ के पास समय-समय पर ले जाना चाहिए ताकि कोई कमी हो तो डॉक्टर उसे समय से ठीक कर सके। अक्सर बच्चों के दांतों में कीड़े लग जाने से कैविटी बन जाती है जिसमें खाना जाकर सड़ता है और उससे इन्फेक्शन होता है। डॉक्टर कीड़े से क्षतिग्रस्त दांत का सही उपचार समय से कर सकते हैं। कैविटी को विशेष प्रकार के सीमेंट द्वारा भर देने से आगे नुकसान नहीं होता। शिशुओं के दांतों की सफाई बड़ों को नित्य नियम से करनी चाहिए। कुछ भी खाने के बाद मुंह धोना चाहिए ताकि अन्न के कण दांतों की बीच फंसकर सड़न न पैदा कर सकें। जब बच्चा इतना बड़ा हो जाए कि वह स्वयं ब्रश कर सके तो उसे स्वयं सही ढंग से ब्रश करने का तरीका बताएं। रात में सोने से पहले ब्रश करने की आदत बचपन से ही डालें जो बड़े होने तक बनी रहेगी और दांत खराब होने से बचे रहेंगे। सही ब्रश और टूथपेस्ट का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। ब्रश के खराब होने से पहले ही ब्रश को बदल डालें और हफ्ते में एक बार ब्रश को गरम पानी में थोड़ी देर डुबोकर साफ करें। ब्रश करने के बाद दांतों और मसूड़ों की उंगलियों से अच्छी तरह मालिश की जानी चाहिए। 

बहुत सारी कंपनियां दावा करती हैं कि उनके उत्पाद दांतों को चमकदार व मजबूत बनाते हैं लेकिन अभी तक इनकी सत्यता एवं प्रामाणिकता दंत रोग विशेषज्ञों के प्रयोग का विषय बनी हुई है। वैज्ञानिक तौर पर इन्हें स्वीकृति नहीं दी जा सकती। दांतों को मजबूत व चमकदार बनाए रखने का एकमात्र कारगर उपाय है दांतों की समुचित सफाई।

दंत क्षय को दूर करने का सबसे आसान और सस्ता साधन है फ्लोराइडयुक्त पानी जनसामान्य को उपलब्ध कराना। प्रति दस हजार गैलन में एक हिस्सा फ्लोराइडयुक्त पानी जलापूर्ति के माध्यम से जनसामान्य को सुलभ होना चाहिए। गर्म जलवायु वाले इलाकों में कम फ्लोराइड वाला पानी उपलब्ध है। शोध से ज्ञात हुआ है कि जिन बच्चों को जन्म से फ्लोराइडयुक्त पानी मिलता है उनमें फ्लोराइड रहित क्षेत्र के बच्चों की अपेक्षा पैंसठ फीसदी कम दंत क्षय होता है और दांतों मैं कैविटी बनने की शिकायत कम होती है। फ्लोराइड की जरूरत सिर्फ बच्चों को ही नहीं बल्कि हर उम्र के व्यक्ति को होती है।

टेढ़े-मेढ़े दांत या मैलऑक्लूशन का होना   

आजकल बच्चों के टेढ़े-मेढ़े दांत बहुत देखने को मिलते हैं। जिसे दांतों का मैलऑक्लूशन कहते हैं। इसके लिए किसी एक कारण को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। कुछ मामलों में तो यह दोष जन्मजात होता है किंतु कुछ में बाद में अन्य कारणों से होता है जबकि कुछ मामलों में दोनों के मिले-जुले प्रभाव के कारण होता है। 

यदि किसी बच्चे की छोटी हड्डियां अपने किसी पूर्वज की मिलती हैं तो हो सकता है कि बड़े होने पर उसके दांत किसी पूर्वज से मिलें। परिणामस्वरूप दांतों में कई प्रकार की अनियमिताएं आ सकती हैं। बहुत लंबे समय तक अंगूठा चूसने, नाखून कुतरने या देर तक सोने की आदत से अतिरिक्त दबाव पड़ने के कारण चेहरे में विकृति आ जाती है। एक या अधिक दूध के दांत यदि बहुत जल्दी टूट जाते हैं तो बाकी दांत भी खिसकने लगते हैं। इस तरह स्थायी दांतों के लिए जगह कम बचती है। यदि मोलर दांत जल्दी टूटता है तो आजकल दंत विशेषज्ञ एक डिवाइस वहां पर लगा देते हैं ताकि स्थायी दांत के लिए पर्याप्त जगह बची रहे। कभी-कभी एक या अधिक अस्थायी या जिन्हें दूध का दांत कहते हैं काफी लंबे समय तक टूट नहीं पाता और दूसरा दांत निकलना शुरू हो जाता है। ऐसी स्थिति में दंत रोग विशेषज्ञ उस दांत का एक्स रे लेकर यह देख लेते हैं कि स्थायी दांत की स्थिति क्या है?  

बच्चे के दांतों का चेकअप करवाते रहना चाहिए ताकि डेंटिस्ट समय से उनके टेढ़ेपन का पता लगा सकें। नियमित रूप से दांतों का चेकअप करवाते रहने से डॉक्टर यह भी सलाह दे सकेगा कि दांतों का टेढ़ापन स्वयं ठीक हो जाएगा या फिर कोई उपचार करना होगा। किस उम्र में क्या उपचार उपयुक्त होगा यह भी दंत रोग विशेषज्ञ ही बता पाएगा। 

कई मामलों में दांतों को अधिक टेढ़ेपन से बचाया जा सकता है। यदि समय से इसके बचाव के उपाय किए जाएं। अब तो तरह-तरह की आधुनिक सुविधाएं दंत चिकित्सा उपलब्ध हो गयी हैं, जिनसे दांतों के टेढ़ेपन को काफी हद तक सुधारा जा सकता है। आर्थोडॉक्टिक उपचार में समय ज्यादा भी लग सकता है लेकिन इस पद्धति में काफी सफलता मिलती है। 

कभी-कभी खेल के दौरान जबड़े की हड्डी टूटने से या सीधे दांतों को क्षति पहुंचती है और पूरा दांत या आधा दांत टूट जाता है। इसे दंत चिकित्सक सुधार सकते हैं। आधे टूटे दांतों को इस कुशलता से नीचे जोड़कर लगा सकते हैं कि देखने पर भी जोड़ का पता नहीं चलता। इसी तरह पूरे उखड़े दांत को फिर से उसी स्थान पर जोड़ा जा सकता है। इसके लिए जैसे ही दांत टूटे उसे पानी में डाल दें और तुरंत दंत रोग विशेषज्ञ के पास जाकर उसे फिर से लगवा लें। अपना ही टूटा दांत फिर से उसी जगह पर स्थायी रूप से लगवाया जा सकता है। दांतों के स्वास्थ्य के लिए निम्नलिखित चार नियमों का पालन करें- 

1. संतुलित पौष्टिक आहार लें, जिसमें मीठे की मात्रा कम हो।

2. दांतों में कोई तकलीफ न हो फिर भी साल में एक बार दांतों का चेकअप अवश्य करवा लें। 

3. कुछ भी खाने के तुरंत बाद मुंह को अच्छी तरह पानी से साफ कर लें। 

4. फ्लोराइडयुक्त पानी पिएं। बच्चों की दांतों पर दंत रोग विशेषज्ञ द्वारा सीधे फ्लोराइडइ का सोल्यूशन लगवाएं ताकि दंतक्षय से बचाव हो सके।

इन चार नियमों का यदि अच्छी तरह पालन किया जाए तो बीस अस्थायी दूध के दांत तब तक स्वस्थ और ठीक-ठाक रहेंगे जब तक कि इनकी जगह स्थायी बत्तीस दांत नहीं ले लेते और बाद में इन नियमों को अपनाते रहें तो स्थायी दांत पूरी जिंदगी स्वस्थ रहकर आपका साथ देंगे। 

यदि किशोरावस्था में दांतों की अच्छी तरह से देखभाल की गयी होगी तो वयस्क होने पर तब स्थायी बत्तीस दांतों का सेट पूरा हो जाता है तो वह स्वस्थ हड्डी और मसूढ़ों के ऊतकों की सहायता से जिंदगी भर मजबूत बने रहते हैं। बच्चों के दूध के दांत दंत क्षय के कारण टूटते हैं जबकि अधिकांश वयस्कों के दांत आधार की हड्डी, मसूढ़े एवं ऊतकों में आए विकारों के कारण टूटते हैं। मसूढ़े से जुड़ी आम बीमारियां हैं- जिंजिवाइटिस (मसूड़ों में सूजन), पेरीडान्टाइटिस और पेराडान्टोसिस। बाद की दोनों स्थितियों को सामान्यत: पायरिया कहते हैं। जिंजिवाइटिस में मसूड़े लाल पड़ जाते हैं, उनमें सूजन और कड़ापन रहता है, उनसे जल्दी ही रक्तस्त्राव होने लगता है।

इसका मुख्य कारण मुंह की सफाई ढंग से न करना होता है। जिसकी वजह से अन्न कण और कैलकुलस (टारटार) दांतों के ऊपर जमा होने लगते हैं और दांतों के आसपास के कोमल ऊतकों को क्षति पहुंचाते हैं। इस स्थिति से छुटकारा पाने के लिए संग्रहीत पदार्थ निकाला जाना जरूरी है। हर बार खाना खाने के बाद अच्छी तरह से ब्रश से दांतों और मसूड़ों को साफ करने से और कभी-कभी फ्लाक का इस्तेमाल करने से बचाव हो सकता है। जब दांत अधिक गंदे हो जाते हैं या जमाव ज्यादा हो जाता है और कड़ापन ले लेता है तो दंत रोग विशेषज्ञ की सहायता लेना अनिवार्य हो जाता है। डेंटिस्ट उपकरणों की सहायता से दांतों की अच्छी तरह सफाई कर देते हैं। टारटार जो दांतों को पथरीला रूप दे देता है उसे खुरचकर निकाल देने से आराम मिल जाता है।

यदि जिंजिवाइटिस का समय से उपचार नहीं किया गया तो इससे पैरीडान्टाइटिस हो सकती है। इस स्थिति में मसूड़े बुरी तरह सूज कर कड़े हो जाते हैं। मसूड़े, दांत की ग्रीवा (नेक) से अलग हो जाते हैं और मसूढ़ों में रिक्त स्थान बन जाते हैं, जो सूज जाते हैं। ज्यादा बुरी स्थिति होने पर दांत को आधार देने वाली हड्डी क्षतिग्रस्त हो जाती है और दांत ढीले पड़ जाते हैं। इस स्थिति का उपचार यदि नहीं किया गया तो दांत इतने अधिक ढीले पड़ सकते हैं तो निकालना जरूरी पड़ जाता है। वयस्कों में मसूढ़े संबंधी अन्य बीमारी भी पायी जाती है जिसे पेरीडोन्टोसिस कहते हैं। उस स्थिति में मुंह की अच्छी सफाई रखने पर भी दांत को सहारा देने वाली हड्डी धीरे-धीरे खराब हो जाती है। यह विकास प्राय: संतुलित आहार न लेने की वजह से होता है। पेरीडॉन्टल, डिस्आर्डर से बचाव के लिए दंत रोग विशेषज्ञ से नियमित जांच कराना जरूरी है। मुंह की सफाई कम से कम दो बार ब्रश करने की आदत और नियममित रूप से कैल्शियम युक्त संतुलित और पौष्टिक आहार अत्यावश्यक है।

कुछ लोगों को अक्सर जिंजिवाइटिस हो जाती है। साथ ही मसूढ़ों में जख्म बन जाता है, जिसे विन्सेंस इंफेक्शन या फ्रेंच माउथ भी कहते हैं। अक्सर लोग लापरवाही बरतते हैं और इसका सही उपचार समय से नहीं कर पाते। उनकी यह अज्ञानता या लापरवाही घातक सिद्ध हो सकती है। यह बीमारी बहुत तेजी से फैलती है और जिसके दुष्परिणाम देखने को मिलते हैं। मंुह की गंदगी और मुंह के ऊतकों की प्रतिरोधक क्षमता कम होने के कारण स्थिति बदतर हो जाती है। बीमारी की तीव्र स्थिति में मुंह से बदबू आती है पीड़ा, सूजन और मसूड़ों में घाव और लाल बनने की अधिक शिकायत रहती है। ये लक्षण पैदा होते ही तुरंत दंतरोग विशेषज्ञ से संपर्क करना चाहिए। नहीं तो स्थिति बिगड़ती जाएगी और फिर इलाज में लंबा समय लगेगा और मसूड़ों के ऊतकों को बहुत नुकसान होगा, कभी-कभी ये लक्षण कुछ महीनों बाद समाप्त हो जाते हैं लेकिन फिर अचानक कभी-कभी पैदा हो सकते हैं।  

मुंह के कोमल ऊतक अन्य कई प्रकार के संक्रमणों एवं विकारों के लिए जिम्मेदार होते हैं- जैसे थ्रस, एफथास, स्टोमेटाइटिस (कैंकरसोर्स), पेम्पाइगस, एटीनामाइकोसेस, स्मोकर्स पैचेज और बर्निग टंग।   मुंह का कैंसर 

हर वर्ष हजारों लोग मुंहगुहा के कैंसर से पीडि़त होते हैं। इनमें से एक चौथाई लोग मौत के शिकार हो जाते है। हालांकि कैंसर का मुख्य कारण अभी तक पता नहीं लगाया जा सका है। कैंसर से पीडि़त व्यक्ति के मुंह में निम्नलिखित में से एक या अधिक लक्षण मिल सकते हैं -  
1. क्रॉनिक इन्फेक्शन, स्मोकर्स स्काट्स, नकली दांत ठीक तरह से फिट न हो पा रहे हों, दांत टूट ये हों या फिर दांत खुरदरे व दांतेदार हो ऐसी स्थिति में तुरंत इलाज द्वारा सुधार करके कैंसर के घातक परिणामों से बचा जा सकता है। 

2. होंठों का कैंसर सनबर्न, पाइपस्मोकिंग, नाखून कुतरने की लत, पिन या कोई कड़ी चीज दांत से पकड़े रहने की बुरी आदत से जुड़ा है। कैंसर की वृद्धि देखने में बहुत भिन्नता लिए होते हैं, इसलिए प्रारंभिक अवस्था में इसका निदान बहुत कठिन होता है। यदि शुरू में ध्यान दिया जाए तो मुंह के कैंसर को दूर किया जा सकता है। कोई तकलीफ न होने पर भी यदि साल में कम से कम एक बार दांत रोग विशेषज्ञ से परीक्षण कराते रहें तो दांत संबंधी बहुत सारी बीमारियों से बचाव हो सकता है। कोई भी भाव मुंह में दिखाई पड़ते ही चिकित्सक से तुरंत संपर्क करना चाहिए। 

दांत में दर्द का होना 

प्राय: दांतों में समुचित देखभाल न करने के कारण दांतों में दर्द की शिकायत होती है किंतु अधिकांश मामलों में दांत के दर्द का कारण दंत क्षय या दुर्घटना में चोट लगने के कारण दांत के भीतर स्थित नसों के सिरे पर पड़ने वाले दबाव की प्रतिक्रिया का परिणाम होता है। ऐसी दशा में मरीज पीड़ा देने वाले दांत का पता लगा सकते हैं क्योंकि अन्य कण या गरम अथवा ठंडा पानी जब भी कैविटी के भीतर जाएगा तो पीड़ा होगी। यदि दांत की जड़ के सिरे पर सूजन के कारण पीड़ा होती है तो प्रभावी दांत का पता लगाना मुश्किल होता है। 

यदि पल्प या नस जो दांत के भीतर रहती है वह मर जाती है और उसका दंत रोग विशेषज्ञ द्वारा सही उपचार नहीं कराया जाता तो जड़ के सिरे पर जख्म हो सकता है। विशेष रूप से बच्चों में संक्रमण जबड़े की हड्डी और मसूड़े से छिद्र बनाते हुए मुंह में खुलता है और मसूड़े पर फोड़ा सा बन जाता है। जिसे गम बॉयल कहते हैं। एंटीबायोटिक और एंटीइन्फलामेंट्री दवाओं के अलावा ऊतकों के निर्माण के लिए दवा की जाती है। कभी-कभी तो दवा से तकलीफ ठीक हो जाती है। जब दवा असर नहीं करती तो संक्रमित दांत निकालना पड़ता है।  तंत्रिका तंत्र का जटिल रूप जबड़े एवं आस-पास के हिस्से में होता है। इसलिए प्राय: संक्रमित दांत का पता लगाना मुश्किल हो जाता है। यदि वह दांत क्षरित होता है तो वहां लौंग का तेल का फाहा वहां रखने से या दर्द निवारक गोली खाने से थोड़ी देर के लिए दर्द से आराम मिल जाता है। गाल के ऊपर ठंडे या गरम पानी में भीगा कपड़ा रखने से थोड़ा आराम मिलता है। लेकिन उपयुक्त यही होगा कि दंत चिकित्सक से उपचार कराएं।  

दांतो का टूटना 

कभी-कभी दांतों की पूरी देखभाल करने के बावजूद दांत टूटने की समस्या हो सकती है और जो दांतों की उपेक्षा करते हैं। उनके भी दांत टूटते हैं। ऐसे मामले में टूटे दांतों की जगह नकली दांत लगवा लेने चाहिए ताकि चबाने की क्षमता पूर्ववत बनी रहे।   

एक दांत टूटने से पूरा दांतों का चाप (डेंटल आर्च) कमजोर पड़ जाता है। समीपवर्ती दांत और सामने विपरीत जबड़े के दांत अपनी सामान्य स्थिति से थोड़ा खिसक जाते हैं। दांत के अपनी जगह से खिसकने से बाकी दांतों में अतिरिक्त दबाव पड़ता है, जिससे आधार की हड्डी और सहारा देने वाले कोमल ऊतक क्षतिग्रस्त होते हैं। थोड़ा सा भी दांत के सरकने से अन्न कण दो दांतों के बीच की जगह पर फंस जाते हैं, जिससे कोमल ऊतकों को तकलीफ होती है और घर्षण के परिणामस्वरूप प्राय: मसूड़े की बीमारियां जिन्हें पेरीडेन्टलडिसीज कहते हैं, हो जाती हैं। दांत के चाप की स्थिति को पूर्ववत बनाये रखने के लिए टूटे दांत की जगह दूसरा दांत तुरंत लगवाना चाहिए। सामने के टूटे दांत को चेहरे की सुंदरता बनाए रखने के लिए और चबाने की क्षमता बनाए रखने के लिए लगवाना अनिवार्य है। दंत चिकित्सक की सलाह पर आप अस्थायी दांत लगवा सकती हैं या फिर निकल सकने वाला दांत भी लगाया जा सकता है। उखड़े हुए दांतों की जगह नये दांत लगवाते रहने से मुंह की आकृति में परिवर्तन नहीं आ पाता और फिर हो सकता है भविष्य में आपको पूरे नकली दांतों के सेट की जरूरत ही न पड़े। 

नकली दांत या डेंचर कब और कैसे 

समय के साथ दांत टूटने की प्रक्रिया को रोका नहीं जा सकता है। यह जरूर है कि दांतों की सफाई पर ध्यान देने और पोषक आहार लेते रहने से दांतों की चमक और मजबूती बनी रहती है और दांत नीरोग रहते हैं। शरीर के बाकी अंगों की ही तरह उम्र के साथ-साथ दांत भी खराब होने लगते हैं। दंत चिकित्सक की सलाह पर क्षतिग्रस्त कमजोर दांतों को निकलवाकर पूरा डेंचर बनवाया जा सकता है। नकली दांत लगवाने से चेहरा पहले जैसा हो जाता है और आसानी से सब कुछ खाया जा सकता है। लेकिन फिर भी असली दांत और नकली दंतावली (डेंचर) में अंतर तो होता ही है। शुरू में डेंचर को लगाना सीखना पड़ता है और कुछ दिनों तक जब तक अच्छी तरह अभ्यास नहीं हो जाता चबाने या बोलने में थोड़ी परेशानी हो सकती है। निचले जबड़े की दंतावली को यथास्थान लगवाए रखने में थोड़ी दिक्कत होती है लेकिन अभ्यास और दृढ़ इरादे से यह परेशानी दूर हो जाती है। 

स्वाभाविक दांतों की ही तरह नकली दांतों की भी नियम से रोजाना ब्रश से साफ करना पड़ता है। वैसे तो खाने के बाद दांतों को साफ करना चाहिए दंत चिकित्सक की सलाह के अनुसार ही नकली दांतों की सफाई की जानी चाहिए। किस चीज से और कैसे सफाई की करें यह जरूर पता करना चाहिए और समय-समय पर नकली दांतों की भी जांच दंत चिकित्सक से करवाते रहनी चाहिए। 

उम्र के साथ-साथ जबड़े की हड्डी का ढांचा भी सिकुड़ कर छोटा होता रहता है इसलिए कुछ समय बाद दंतावली थोड़ी ढीली हो सकती है। ऐसी स्थिति में दंतावली नयी बनवानी पड़ सकती है या फिर मुंह के आकार के अनुसार पुरानी दंतावली में पर्याप्त परिवर्तन दंत रोग विशेषज्ञ से करवाएं। व्यक्ति को कभी भी अपने आप दंतावली ठीक करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। इससे मुंह के कोमल ऊतकों और जबड़े के मसूड़ों को क्षति पहंुच सकती है। हमेशा दंत चिकित्सक से डेंचर की फिटिंग करवाएं। ढीले या गलत नाप का डेंचर लगाने से मसूढ़ों को भारी नुकसान पहंुच सकता है। यहां तक कि इससे मुंह का कैंसर भी हो सकता है। कमजोर या टूटे हुए डेंचर लगाना भी नुकसानदेह हो सकता है। ऐसी स्थिति में नकली दांतों का दो सेट रखना उपयुक्त होता है। 

बदबूदार सांस का कारण 

सांस की बदबू का कारण मुंह की बीमारी हो सकती है या फिर मुंह की ठीक तरह से सफाई न करने पर भी सांसों से दुर्र्गध आ सकती है। नाक, गले या फेफड़े और कभी-कभी पेट में संक्रमण की वजह से बदबू आ सकती है। यदि मुंह साफ और स्वच्छ है ओर दांत भी ठीक स्थिति में है लेकिन फिर भी मुंह से बदबू आती है तो फिजीशियन से चेकअप कराएं। फेफड़े का कैंसर, फेफड़े में संक्रमण, मधुमेह से भी बदबू आ सकती है। 

माउथवाश थोड़ी देर तक प्रभावी होता है। सांस की बदबू का सही कारण जानकर उचित उपचार किया जाना चाहिए। मुंह की सफाई के लिए सादा पानी ही पर्याप्त होता है। इस तरह अगर आप शुरू से ही अपने और बच्चों के दांतों का खयाल रखेंगी तो आपका परिवार हमेशा तो आपका परिवार हमेशा स्वस्थ और हंसता-खिलखिलाता रहेगा।समय से पहले दांतो की क्षति को रोका नहीं जा सकता लेकिन चिकित्‍सक की सलाह से दांतों की सुरक्षा के उपाय अपनाये जा सकते हैं।

 

Vote: 
1
Average: 1 (1 vote)

New Health Updates

Total views Views today
स्तनों को छोटा करने के घरेलू उपाय 27,343 94
कब सेक्स के लिए पागल रहती है महिलाएं 17,016 84
टिटनेस इंजेक्‍शन से हो सकती हैं ये दिक्‍कतें 14,424 31
क्यों रहते हैं हाथ-पैर ठंडे? 1,422 30
लहसुन रात को तकिये के नीचे रखने का जादू 12,471 28
मौसमी का जूस पीने के फायदे 821 28
सोते समय ब्रा क्यों नहीं पहननी चाहिए 2,600 27
आँखों का लाल होना जानिये हमारी आँखे क्यों लाल होती है कारण और लक्षण तथा समाधान 636 27
गुप्तांगो या बगलों के बालों की सफाई का महत्व 6,947 24
श्वेत प्रदर का आयुर्वेदिक इलाज 2,711 24
सेक्‍स करने से लोगों को होते हैं ये 10 फायदे 2,066 24
घुटने की लिगामेंट में चोट का कारगर इलाज 1,473 22
पीरियड्स के दौरान सेक्स करने से नुकसान नहीं बल्कि होते हैं फायदे 10,119 21
पत्नी को क्यों पिलाएं कलौंजी वाला दूध ? 76 20
खून में थक्‍के जमने के कारण और उपचार के तरीके 686 19
तिल तथा मस्से हटाने के आसान घरेलू उपचार 6,683 18
कान के पीछे सूजन लिम्फ नोड्स: उपचार तथा कारण का निवारण इस प्रकार करें 1,118 17
ब्‍लड ग्रुप के अनुसार कैसा होना चाहिये आपका आहार 1,152 15
आइये जाने कुटकी के फायदे और नुकसान के बारे में 987 14
लिंग बड़ा लम्बा और मोटा करने के घरेलू उपाय 2,958 14
थायराइड की समस्या और घरेलु उपचार 329 12
ख़तरनाक है सेक्स एडिक्शन 2,687 12
पीलिया कैसा भी हो जड़ से खत्म करेंगे 842 11
जीभ हमारे स्‍वास्‍थ्‍य के बारे में बताती है जैसे 423 11
इंसानी दूध पीने को लेकर ब्रिटेन में चेतावनी 4,997 11
दोस्त बनाने के सबसे आसान तरीके 945 11
स्प्राउट्स- सेहत को रखे आहार भरपूर 580 11
हाथ-पैरो का सुन्न हो जाना और हाथ और पैरो में झनझनाहट होना जानें इस प्रकार 691 11
पेट बाहर है उसे अंदर करने के तरीके 618 11
झाइयां होने के कारण 228 11
पेट दर्द और पेट में मरोड़ का कारण, लक्षण और उपचार आइए जानें 323 10
चेहरे का कालापन दूर करने के उपाय 571 10
माँ का दूध बढ़ाने के तरीके 2,880 10
मियादी बुखार का कारण क्या है 1,483 9
चेहरे की झाइयाँ दूर करने के घरेलू उपचार 956 9
पेट फूलना, गैस व खट्टी डकार से तुरंत राहत दिलाने उपचार के 489 9
सेहत के लिए कितनी खतरनाक है ब्रेड 3,204 9
अपनी आँखों को रखे हमेशा सलमात 463 9
बादाम खाएं ,मोटापा,कोलेस्ट्रोल घटाएं और भी फायदे पाये 313 8
पियें मेथी का पानी और दूर करें बीमार जिंदगी 4,373 8
अंगुली के नाम, रोग और कार्य 145 8
चिकनपॉक्स (छोटी माता): घरेलु उपचार, इलाज़ और परहेज 91 8
बिना सर्जरी स्तन छोटे करने के उपाय 825 7
गिलोय के फायदे और अनेक प्रकार से रोगों से छुटकारा 295 7
ब्रेस्ट कम करने के उपाय 677 7
क्‍या सोते समय ब्रा पहननी चाहिये ? 9,489 7
ब्रेस्ट कम कैसे करे- एक्सर्साइज़ टिप्स 365 7
सुबह का नाश्ता राजा की तरह, दोपहर का भोजन राजकुमार की तरह और रात का भोजन भिखारी की तरह करना चाहिए।’ 1,555 7
जानिये कितना होना चाहिए आपका कोलेस्ट्रॉल और कब शुरू होती है इससे परेशानी 427 7
सर दर्द से राहत के लिए करें ये घरेलु उपचार 452 6
अब नारियल बतायेगा ब्लड ग्रुप 2,407 6
बढती उम्र में झुरियों को कैसे कम करें 183 6
सुबह उठ कर खाली पेट कैसे पानी पीना चाहिए 292 6
हर तरह की खुजली से राहत दिलाते हैं ये घरेलू उपचार इस प्रकार करे पयोग 579 6
गूलर लंबी आयु वाला वृक्ष है 2,257 6
अपने दातो की देखभाल कैसे करें 76 6
बहरे लोगो के सुनगे का आसान तरीका 825 6
फिस्टुला रोग क्या है , इसको पहचाने के लक्षण इस प्रकार 99 6
लड़कियों को 'इन दिनों' यौन संबंध बनाने में आता है सबसे अधिक आनंद 3,766 6
हाई बीपी और माइग्रेन में फायदेमंद है मेंहदी 325 6
मोती जैसे सफेद दांत पाने के लिए ट्राई करें ये 5 घरेलू उपाय 1,205 6
आखें लाल हो तो करें ये उपाय 187 6
इस मौसमी सीताफल के फायदे जानकर आप रह जाएगे हैरान 495 6
ब्लैक कॉफी पीने के फायदे 1,566 5
जानिए अनार का जूस पीने के और अनार को खाने के फायदे 427 5
कई गुणों से भरपूर है हल्दी, जानिए इसके फायदे 125 5
पथरी के लक्षण और पथरी का इलाज 237 5
टीबी से कैसे करें बचाव, क्या हैं लक्षण, जानें सब. 954 5
अखरोट खाने के कौन - कौन से फायदे और नुकसान होते है 379 5
मसूड़ों में रक्त स्राव को रोकने के लिए कारण और उपचार 137 5
आखें लाल होने पर क्या उपाय करें 235 5
बेल खाने के फायदे जानकर रहें जायगे हैरान 297 5
टांसिल्स से बचने के घरेलु उपाय 232 5
बच्चे के कान के पीछे शंकु का समाधान 205 5
तुलसी का काढ़ा फायदा ही फायदा 1,201 5
मूंग की खेती इस प्रकार करें 219 5
कम उम्र में सेक्‍स करने से बढ़ जाता है इस चीज का खतरा 1,651 5
क्या खाएं और क्या न खाएं, जानिए 172 4
चमकती हुई त्वचा के लिए हर्बल ब्यूटी टिप्स 2,527 4
प्याज से करें प्यार और रहें फिट 188 4
कॉफी: फायदा या नुकसान? 680 4
शल्य क्रिया से स्तनों का आकार घटाने का तरीका 901 4
स्वास्थ्य शिक्षा कैसे 46 4
निम्बू है कई बिमारियों का इलाज 318 4
साइकिल चलाने के चमत्कारी फायदे 212 4
माइग्रेन के दर्द से राहत देता है ये आहार 422 4
माइग्रेन के दर्द से बचाता है ये आहार 420 4
चने खाने के फायदे 950 4
घमौरियों से छुटकारा पाने के आयुर्वेदिक उपाय 68 4
सोने के समय ये करें ये बिल्कुल न करें 297 4
सेब खाने के फायदे 512 4
गले में सूजन और दर्द, लिम्फोमा कैंसर के हो सकते हैं संकेत 137 4
सर्दियों में कम पानी पीने से ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है 230 4
पीलिया होने पर घरेलु इलाज 111 4
गर्भावस्था में लें सही आहार 364 4
हल्दी का प्रयोग आप को करे निरोग 602 4
क्या है आई वी एफ की प्रक्रिया, जानें 127 4
xxxxxxxxxxxxमोटापा दूर करने के उपाय 400 4
रस्सी कूदें, वज़न घटाएं 355 4
रोजाना भीगे हुए चने खाने के हैं कई फायदे, जानिए और स्वस्थ्य रहिए.... 1,372 4
क्यों मच्छर के काटने पर खुजली होती है जानिए 267 4
हर समय खुद के बारे में सोचना और बुदबुदाना हो सकती है मानसिक बीमारी 141 4
ल्यूकेमिया: लक्षणों को जानिये यह क्या है 132 4
भरे हुए होंठ और जवानी में सम्बन्ध 1,350 4
ख़ूबसूरती के फायदे ही नहीं नुकसान भी होते है! 1,116 3
स्त्री यौन रोग (श्वेत प्रदर) के लिए औषधि ॥ 302 3
अगर आप अंधेरे में यूज करते हैं स्मार्टफोन, सावधान ! 139 3
बेसन त्वचा से जुड़ी कई समस्याओं को दूर करता है 217 3
चन्द्र ग्रहण पर राशियों पर पड़े प्रभाव को कैसे कम करें 294 3
बड़ी उम्र की महिला से डेटिंग के टिप्‍स 593 3
योगासन से लाभ 549 3
रिश्तों से जुड़ीं ये 5 हैरान करने वाली बातें, जरूर जानिए 633 3
दही खाने के बेहतरीन फायदो और खूबियों के बारे में जानें क्या हैं 376 3
पैर के दर्द का घरेलू उपचार 75 3
वजन कम करने के फायदे, जानकर रहे जायगे हैरान 304 3
क्या शारीरिक फिटनेस के बगैर मानसिकविकास सम्भव है ? 1,867 3
कड़वे अनुभव से दूर रहना है तो खाएं मीठी नीम 378 3
हड्डी टूटने पर घरेलु उपचार 248 3
मौसमी को खाने और मौसमी के जूस को पीने के फायदे और नुकसान 272 3
मखाना खाने के जादुई प्रभाव 1,850 3
लाल लकीर वाली दवाए बिना डॉ की सलाह के कभी न लें 1,225 3
किडनी को ख़राब करने वाली है ये आदतें……. 753 3
नवजात शिशु की देखभाल कैसे करें 171 3
पैरों में दर्द के लिए घरेलू उपचार 276 3
व्रत के दौरान बरतें सावधानियां 157 3
सर्दियों में बालो की देखभाल 268 3
शरीर में रक्त की कमी का होना, रक्त की कमी पूरी करने के लिए क्या करें, जानें 295 3
शोरगुल से बढ़ जाता है हार्ट अटैक का खतरा 1,194 3
सभी प्रकार के घावों में कारगर है लेड 360 3
फल और सब्जियों के 'रंगों' में छिपा है हमारे स्‍वास्‍थ्‍य का राज 498 3
हार्मोन और स्किन को नुकसान पहुंचाते हैं ये आहार 123 3
हाइड्रोसील के कारण लक्षण और इलाज इस प्रकार है जानिए 448 3
कैविटी का है कारगर इलाज 465 2
चेहरे और शरीर की हार्डवेयर की मालिश करवाये इस प्रकार 44 2
हाइड्रोसेफेलस है गंभीर मानसिक बीमारी, जानें इसके लक्षण और उपचार 65 2
साधारण से खूबसूरत लगने के उपाय 2,321 2
एनीमिया की शिकार महिलाओं के लिए चुकंदर आत्याधिक लाभदायक 292 2
नवमी पूजा कब और शुभ मुहूर्त 262 2
जानें आपके पैरों में झुनझुनाहट क्यों होती है और आपकी सेहत के बारे में क्या कहते हैं! 134 2
बच्चों में टाइफाइड बुखार होने के कारण 497 2
कोल्‍ड और फ्लू से लड़ने में मददगार हैं ये फल आइये जानें 233 2
आर्टिकल जो आपकी जान बचा सकता है 1,190 2
एक माँ का अपने बच्चों के साथ सोना कितना जरूरी है आइए जानें इस प्रकार 216 2
लोकस्वास्थ्य क्या है जानें 38 2
टांसिल बढ़ना : : 142 2
उम्र के अंतर का संबंधों पर प्रभाव 653 2
स्वास्थ्य क्या है जाने और एक प्रकार के विज्ञान की तरह 60 2
टाइफाइड में लिए दिए जाने वाले आहार 475 2
लेसिक आई सर्जरी के फायदे और नुकसान 139 2
साबुन या फ़ेसवॉश से त्वचा रूखी होती है 93 2
आयुर्वेद में गाय के घी को अमृत समान बताया गया है 2,390 2
घर पर कैसे बनाएं – एगलैस चॉकलेट केक आइये जानें 269 2
आखों में जलन हो तो करें ये कारगार उपाय 143 2
मूंगफली खाने के आत्याधिक फायदे 300 2
गुड़ और मूंगफली खाना सेहत और स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद 269 2
स्किन कैंसर से नहीं बचा सकते सन्सक्रीन 397 2
अनार की खेती 272 2
सेक्स सरदर्द की सबसे अच्छी दावा है 297 2
भूलकर भी किसी दिन Skip ना करें भोजन, होते है ये खतरनाक बदलाव 302 2
तेजपत्ते में होते हैं ये औषधीय गुण 129 2
आटिज्म: समझें बच्चों को और उनकी भावनाओं को 203 2
डायरिया होने पर अपनाएं घरेलू उपचार! 180 2
एपेंडिसाइटिस करें निर्धारित, कुछ उपयोगी टिप्स 126 2
आप अपने घर पर बालों में मेंहदी कैसे लगाए, मेंहदी लगाने के फायदे जानकर हैरान रह जायगे 262 2
कमर में दर्द ह तो करें ये कारगार उपाय 153 2
सुपारी के सेवन से किया जा सकता है पागलपन को कम 206 2
ब्रेन ट्यूमर के उपाय 135 2
आधे सर का दर्द और उसका इलाज 297 2
पायरिया के आयुर्वेदिक उपचार: 50 2
हार्ट फेल होने से चली जाती है 23 प्रतिशत लोगों की जान 476 2
अचानक बढ़ जाती है दिल की धड़कन तो हो सकती है ये खतरनाक बीमारी 190 2
लौंग के तेल के फायदे जानकर रह जायेंगे हैरान 260 2
जवान दिखने के बेहतरीन जादुई नुस्खे 2,353 2
जामुन के गुण और फायदे 784 2
कान में दर्द है तो करें ये उपाय 114 2
हाई बीपी और माइग्रेन में मेंहदी इस प्रकार फायदेमंद 306 2
ड्रिंकिंग की लत से कैसे निजात पाएं 143 2
क्‍यूं नहीं रखने चहिये फ्रिज में अंडे? 1,096 2
मूड खराब को अच्छा मूड बनाने के टिप्स 275 2
अब लीजिए दिमाग़ का बैक-अप 1,111 2
सीने में जलन से तुरंत छुटकारा दिलाते हैं ये 10 सस्‍ते घरेलू नुस्‍खे 93 2
डिप्रेशन का शिकार क्यों बन रहे हैं लोग जानें क्यों 189 2
किडनी की बीमारी 169 2
ब्रेस्ट साइज़ कैसे करे कम| घरेलू नुस्खे| 635 2
नीम और उसके फायदे 381 1
ऑस्टियोआर्थराइटिस में इन 5 आहारों के सेवन से बढ़ जाते हैं दर्द और सूजन 156 1
आपका रसोई घर बनाम दवाखाना 550 1
अपने दांतों की देखभाल और उनको रखे दूध जैसे चमकीले तथा स्वच्छ 386 1
चेहरे का ऐसा दर्द देता है इस गंभीर बीमारी के संकेत, जानें लक्षण और बचाव 110 1
लकवा के लक्षण ,कारण और इलाज 171 1
सेहतमंद बालों के लिए रोज करें योग 170 1
जामुन के गुण 502 1
बच्चों में खाने की अच्छी आदतें विकसित करें 82 1
2-7 साल के 92% बच्चों को है मोबाइल एड‍िक्शन 385 1
हाइपरटेंशन या उच्च रक्तचाप 83 1
पहचानें डिप्रेशन के लक्षण 311 1
पैरो में सूजन है तो करें ये उपाय 210 1
नुस्‍खों से हटाएं ठुड्डी के बाल 1,762 1
जौ के इस उबटन से पुरूषों का चेहरा दिखेगा गोरा 195 1
फिट रहना है तो रात में कम, सुबह ज्यादा खाएं 168 1
हर 4 में से 1 भारतीय बच्चे को है डिप्रेशन! 125 1
सर्दियों में अपने पैरों को रखें सॉफ्ट 1,261 1
कम उम्र में सफेद हुए बालों को काला करे 424 1
सुन्दर दिखें बिना पार्लर जाये 1,492 1
जानिए पेट दर्द के होने के कारण 269 1
डायबिटीज का प्राकृतिक इलाज हैं आम के पत्ते, जानें कैसे? 85 1
रात में बार-बार भूख लगने की आदत, इस गंभीर बीमारी का है संकेत 167 1
दूध में डिटर्जेंट की जाँच करने के उपाय 1,396 1
पेट कम करना सबसे चुनौतीपूर्ण है इसलिए 82 1
तेजी से बढ़ रहा बोतल से दूध पिलाने का प्रचलन 1,137 1
टूथपेस्‍ट से इस तरह करें प्रेगनेंसी का टेस्‍ट 129 1
रोज करें ये 2 काम, डायबिटीज से हमेशा के लिए मिलेगा छुटकारा 171 1
पोषाहार क्या है जानिए 211 1
यौन संबंध के दौरान दर्द का सच क्या है? 346 1
अपनी आखों की करें सही देखभाल 173 1
हाइपर थाइरोइड में शंखपुष्पी का प्रयोग। 575 1
व्रत रखने के फायदे 182 1
सर्दी के ख़त्म होनें के बाद डैन्ड्रफ़ ख़त्म हो जाता है 102 1
कैंसर से बचने के घरेलु उपाय 189 1
प्रेग्नेंट होने,पर दूर रहें माइक्रोवेव और मोबाइल से 235 1
ये चीजें बताएंगी आपके प्यार की गहराई 401 1
उच्च रक्तचाप की बीमारी ठीक करने के लिए 335 1
जल्‍दी पिता बनने के लिए एक घंटे में करें दो बार सेक्‍स 3,668 1
शाकाहारी भोजन आपकी सर की रूसी दूर करने में सहायक होगा 53 1
गर्मियोंमें कैसे रखे त्वचा का ख्याल 26 1
डिफ्थीरिया के कारण, लक्षण और उपचार 52 1
एड़ियों के दर्द से छुटकारा दिलाते हैं ये घरेलू नुस्खे 177 1
दिमागी दौरा या ब्रेन स्ट्रोक से पाएं छुटकारा 188 1
तरह-तरह के व्रत 77 1
बेबी के सामने टीवी और मोबाइल का इस्तेमाल हो सकता है सेहत के लिए खतरनाक 362 1
स्तनों का ढीलापन दूर करने के घरेलू नुस्खे 5,073 1
ब्लड प्रेशर को कैसे रखें नियंत्रित 171 1
वेलेंटाइन डे के पहले कैसे पाएं साफ और गोरी त्‍वचा 1,334 1
फिटकरी के घरेलू उपाय, . 31 1
बेटी की बिदाई- मां के लिए बड़ी चुनौती है इस प्रकार 238 1
शयनकक्ष में बहुत रोशनी बढ़ा सकती है मोटापा 337 1
मुहांसे दूर करने के नुस्खे 562 1
इम्सोम्निआ (अनिन्द्रा) से निपटने के कारगर तरीक़े 43 1
गाजर है ब्रेस्ट कैंसर से बचाव का बेहतर उपाय 149 1
हड्डियों को मजबूत करते हैं ये 155 1
गुर्दे की बीमारियों की चपेट में अब युवा भी 117 1
कब्ज को करें गुडबाय 151 1
व्रत से जुड़ी गलतफहमियां 463 1
1अनार सौ बीमार नहीं, सौ फायदे कहिए जनाब 313 1
काली मिर्च खाकर करें मोटापा दूर 208 1
क्या है स्लीप डिस्ऑर्डर 163 1
इस पॉपुलर डाइट का सेवन करने वाले लोग हो सकते हैं अंधे, जानिए बचने के उपाय 281 1
लड़कियों की शर्ट में पॉकेट क्यों नहीं होती ! आखिर क्या हैं राज 1,044 1
एंटीबायोटिक दवाओं से अधिक गुण है लहसुन में! 395 1
खुश रहने के लिये खूब खाएं फल और सब्‍जियां 1,431 1
होशियार : बाजार में आ गई है जहरीली अदरक.. 78 1
वीडियो गेम खेल कर दूर हो सकता है डिप्रेशन 1,464 1
बालों का रंग पैलेट कैसे करें जानिए इस प्रकार 105 1
कब्‍ज के उपचार के घरेलू उपाय 671 1
हार्ट अटैक से बचना है तो रोज़ पीजिये 3 से 5 बार कॉफी: शोध 1,719 1
सोने का अनियमित वक्त मानसिक कार्यक्षमता को प्रभावित करता है 616 1
आपका मोबाइल फोन और मुंहासे 137 1
व्रत में खाई जाने वाली चीजें 175 1
एडियाँ फटने पर करे उपाय 268 1
ब्रेस्ट कम करने के लिए क्या खाएं 626 1
मुह में छाले हैं तो करें ये घरेलू उपाय 139 1
सेहत को रखना है फिट तो इस तरह से लें प्रोटीन... 364 1
स्‍वास्‍थ्‍यवर्धक पिस्‍ता सेहत के लिए बहुत फायदेमंद है आइए जानें 234 1
पानी से है प्यार? ...तो आज़माएं ऐक्वा योग 183 1
डायरिया होने पर करें घरेलु उपाय 164 1
कान में दर्द है तो करें ये कारगार उपाय 199 1
स्तन घटाने के उपाय, तरीके और टिप्स 869 1
सप्ताह में इतनी बार सेक्स करना जरूरी है 1,680 1
, जॉब करते समय बच्चों का रखे ध्यान आइये जाने बच्चों की परवरिश कैसे करें 149 1
होठों की क्या ज़रूरत है 1,571 1
कच्चे और छोटे आम खाने से कौन कौन से फायदे होते है 211 1
काफी खतरनाक है हाइपोग्लाइसीमिया, इसकी मार से रहें सजग 324 1
ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण क्‍या हैं? 2,560 1
गोरी और सफेद त्वचा के लिए घरेलू नुस्खे 2,889 1
दूर करे घुटने और कोहिनी का कालापन 264 1
बाल अधिक झड़ते है तो अपनाये यह तरीका 276 1
दूध को इस प्रकार पिये 247 1
बाल झड़ने की समस्या से बचने के लिए कुछ टिप्स 471 1
गर्भावस्था के बाद महिलाएं अपनाएं ऐसी डाइट, नहीं होगी कमजोरी 204 1
तनाव को दूर करें और भी मनोवैज्ञानिक तरीके से जानें 190 1
दिमाग को तेज कैसे बनाये 235 0
हार्टफेल से बचाएगा एरोबिक एक्‍सरसाइज 1,303 0
जोड़ो में दर्द है तो करें ये उपाय 266 0
स्वस्थ रहने की 10 अच्छी आदतें 114 0
रात में दूध पीने के फायदे 312 0
पानी पीने का मन नहीं होता तो इन भोजन को करें डायट में शामिल 164 0
इडली को क्‍यूं माना जाता है वर्ल्‍ड का बेस्‍ट ब्रेकफास्‍ट 526 0
नवरात्रि ब्रत किस राशि के लिएशुभ किस के लिए अशुभ 167 0
आखों के काले घेरे दूर करिये 309 0
पेट की गैस के घरेलू उपचार 113 0
डायबिटीज से आंखों को होता है डायबिटिक रेटिनोपैथी का खतरा, जानिये इसके लक्षण 157 0
स्वाद से भरपूर पोहे खाने के लाभ और फायदे 186 0
याद्दाश्‍त खोना ही नहीं, ये लक्षण भी हैं अल्‍जाइमर के संकेत 117 0
विज्ञान ने खोजा सौंदर्य का समीकरण 1,570 0
क्या है आई वी एफ की प्रक्रिया, जानें 118 0
दिमागी ताकत व तरावट लानेवाला प्रयोग 102 0
नींद में चलना 126 0
बड़ी उम्र की महिलाओं से डेटिंग के टिप्स 743 0
डायबिटीज यानि कि मधुमेह आजकल एक बहुत जटिल और गंभीर रोग बन कर उभर रहा है। 181 0
प्राकृतिक चिकित्सा 633 0
ज़्यादा ड्रिंकिंग की लत से कैसे निजात पाएं 94 0
कसरत के लिए कौन सा टाइम बेस्ट है? 337 0
आयुर्वेद के अनुसार त्वचा तीन प्रकार कि होती है। 106 0
ब्रेस्ट का आकार कैसे कम करें माइक्रो लिपो से 420 0
प्रदूषण से बचने और बालों को बचाने है तो अपनाएं ये नुस्खे 262 0
जानें शंखपुष्‍पी स्‍वास्‍थ्‍य के लिए कितनी फायदेमंद है प्रयोग करें 290 0
सावधान! प्रेग्नेंट हैं, तो दूर रहें माइक्रोवेव और मोबाइल से 342 0
आहार और कसरत मधुमेह को रखता है दूर 334 0
छाती को कम करने के उपाय एरोबिक्स से 433 0
चेहरें पर सूजन हो तो करें ये उपाय 137 0
डिप्रेशन या किसी मानसिक विकार के कारण 99 0
मूड खराब है तो अपनाएं ये टिप्स 208 0
पुरुषों की अपेक्षा ज्यादा समय तक जीवित रहती हैं महिलाएं आइये जानें कैसे 137 0
क्रीम का कम प्रयोग करने से त्वचा रूखी हो जाती है 97 0
खून की कमी होने पर करें उपाय 213 0
कलौंजी एक फायदे अनेक : कलयुग में संजीवनी है कलौंजी (मंगरैला) 60 0
कमर पतली बनाने के लिए करें अतिसरल सुझाव और जाने इसको बनाने के तरीके 218 0
धूम्रपान स्वास्थ्य के लिये हानिकारक है इससे दिमाग को अत्याधिक नुकसान होता है 312 0
हाई ब्लड प्रेशर के कारण खो सकती है आपकी याददाश्त, जानें क्यों? 149 0
सोशल फोबिया के लक्षण 195 0
टाइम पत्रिका की स्तनपान वाली तस्वीर पर विवाद 670 0
पेट दर्द या मरोड़ का कारण व उपचार 60 0
सिरदर्द दूर करने के कारगर उपाय 1,360 0
टी .बी से बचाब के घरेलु तरीके 115 0
बोर्ड परीक्षा के दौरान बच्‍चे करें ये 2 आसान काम, तनाव रहेगा कोसों दूर 159 0
तेजी से फैल रहा है टेक स्ट्रेस, कहीं आप में भी तो नहीं ऐसे लक्षण? 127 0
दही दूर कर सकता है अपके पैरों का फंगल इंफेक्शन 114 0
व्रत से हो सकते हैं नुकसान भी 197 0
ज़मीन पर बैठकर खाना खाने के लाभ 124 0
महिलाओं में हार्टअटैक इस प्रकार जानें 114 0
एक साथी के साथ रहना नहीं है इंसानों की फितरत 400 0
सर्दियों में जुकाम और नाक से पानी आने को दूर करनें के लिए पिये गर्म पानी और भी चीजो का प्रयोग करें आइये जानें 264 0
गन्ने के जूस के फायदे 232 0
धनिया के औषधीय गुण 104 0
भूने चने के साथ गुड़ खाने से मिलतें हैं ये अनेक फायदे 342 0
कब्‍ज, मोटापा और मधुमेह का खात्‍मा करता है कच्‍चा केला खाने का ये तरीका 136 0
सिर दर्द को चुटकियों में दूर करता है सिर्फ '1 नींबू' करके देखे प्रयोग 141 0
स्मार्टफ़ोन बिगाड़ रहा है आंखों की सेहत जानिए कैसे 250 0
किस उम्र में न रखें व्रत 120 0
मोटापे से कमज़ोर होती है याददाश्त? 315 0
गर्म चाय पीने से रहे अधिक सावधान 232 0
मधूमेह रोग कब और कैसे 171 0
कमर की चर्बी कम करने के लिये पीजिये ढेर सारा पानी 1,096 0
कौन न रखे व्रत 102 0
अधिक मुहांसो से परेशान है तो उनको दूर करने के नुस्खे 245 0
बच्‍चों के मानसिक विकास के लिए रोजाना खिलाएं ये 5 आहार 167 0
कई रोगों में चमत्कार का काम करती है दूब घास, जानें इसके फायदे 195 0
पार्टी के लिए क्विक मेकओवर करना है तो अपनाएं ये टिप्स 51 0
मोतिया बिन्द है तो करें ये घरेलु उपाय 208 0
गर्भावस्था में क्या खाएं क्या न खाएं 126 0
सेक्स एडिक्शन - बड़ी समस्या है. 174 0
जल्द घसीटना शुरू कर देते है शीतकाल में जन्म लेने वाले बच्चे 264 0
ताई ची सीखें सेहतमंद रहें 123 0
सामान्य बीपी में भी ज्यादा नमक होता है खतरनाक 326 0
व्रत के दौरान कितने अंतराल पर क्या खाएं 193 0
एक हफ्ते में वाटर वेट से छुटकारा पाना है तो ये तरीके आजमाएं 124 0
पायरिया के लक्षण और कारण 154 0
डिब्बाबंद खाना होता है नुकसानदेह 152 0
खासी का काढ़ा 213 0
अवसाद सिंड्रोम और उसके रूपों के जानें इस प्रकार 95 0
आंख की एपीस्कलेराइटिस : लक्षण, कारण, उपचार को करें निरोग 145 0
कॉफी बना सकता है आपको बहरा 1,301 0
यकृत कैंसर के को दूर करने के उपाय 59 0
अब घर पर ही पाइये काले घुटनों से निजात 1,394 0
पेट में दर्द तथा पेट फूलना 238 0
अनार का जूस स्वस्थ के लिए किस प्रकार फयदेमद 204 0
शहद में छिपा है सेहत का राज़ 196 0
सेब बचाता है स्किन कैंसर से 177 0
सर्दियों में त्वचा की देखभाल 202 0
आत्मा के लिए चुनें पर्दे इस प्रकार 163 0
गर्मियों में हृदय को दे सुरक्षा 371 0
क्यों होता है अल्जाइमर 122 0
डार्क सर्कल को दूर करने के घरेलू नुस्खों 2,065 0
लौकी खाने के फायदे 135 0
गन्ने के रस में है कैंसर से लड़ने की ताकत 245 0
जानिए क्या हैं हृदय रोग के लक्षण 156 0
पीठ दर्द से मिलेगा तुरंत छुटकारा 114 0
पीलिया होने पर करें घरेलु उपाय 159 0
करेला स्वस्थ के लिए किस प्रकार लाभदायक 205 0
लहसुन में विशेषताएं जो स्वस्थ के लिए जरूरी 291 0
पुरूषों को बुढ़ापे तक स्‍वस्‍थ रखेंगी उनकी ये 5 अच्‍छी आदतें 246 0
खाने से पहले या ठीक बाद में फल खाना क्यों है गलत? 493 0
सर्दियों में लहसुन का फायदा 214 0