गैलेक्सी के रंगों में छिपा है उसकी उत्पत्ति का रहस्य

गैलेक्सी के रंगों में छिपा है उसकी उत्पत्ति का रहस्य

गैलेक्सी के रंगों में छिपा है उसकी उत्पत्ति का रहस्यआकाशगंगाओं पर गैस के घनत्व का बढऩा एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, वह गैस 
आपूर्ति को तेजी से नष्ट कर देती है। यह उनके रंग बदलने की मुख्य वजह होती 
है.
     नाटिंघम।
 अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिकों की एक टीम, ब्रह्मांड के नए कंप्यूटर मॉडल के जरिए आकाशगंगाओं के रंग और उससे उनकी उत्पत्ति के रहस्यों के सुलझा रही है।
 यह रिसर्च डरहम का इंस्टीट्यूट फॉर कंप्यूशनल कॉस्मॉलॉजी के नेतृत्व में हो रहा है। इस मॉडल के जरिए आकाशगंगाओं के तारों की उम्र और उनके द्वारा उत्सर्जित रंगीन प्रकाश के स्रोत का पता लगाया जा रहा है। रिसर्च टीम के अनुसार, आकाशगंगाओं का रंग उनकी उत्पत्ति के रहस्यों से पर्दा उठा सकता है। टीम के अनुसार, लाल और नीली आकाशगंगाएं समान्य तौर पर दिखाई पड़ती हैं। बिरले दिखाई पडऩे वाली हरी आकाशगंगा के उत्पत्ति के महत्वपूर्ण चरण में होने की संभावना है। जब वह तेजी से नीले रंग में बदल जाती है, तो नए तारों और ग्रहों का जन्म होता है। आखिर में जब आकाशगंगा लाल हो जाती है तो माना जा सकता है कि तारे खुद को नष्ट कर रहे हैं, मतलब वे आखिरी चरण में हैं।डरहम यूनिवर्सिटी में आईसीसी के रिसर्च स्कॉलर जेम्स ट्रायफोर्ड के अनुसार, जब आकाशगंगाएं चमकदार नीले रंग की होती हैं, उस वक्त वे नए तारों और ग्रहों को जन्म दे रही होती हैं। वहीं जब उनका रंग सुर्ख लाल में बदल जाता है तो, वह वृद्ध होकर मर ही होती हैं। रिचर्स में पाया गया कि आकाशगंगाओं पर गैस के घनत्व का बढऩा एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। वह गैस आपूर्ति को तेजी से नष्ट कर देती है। यह उनके रंग बदलने की मुख्य वजह होती है। जेम्स के मुताबिक, कंप्यूटर पर यूनिवर्स का मॉडल बनाने से, आकाशगंगाओं के रंग बदलने के तरीकों और करोड़ों साल पहले उनकी उत्पत्ति पर रिसर्च करने में तेजी आएगी। इस रिसर्च के लिए साइंस एवं टेक्रोलॉजी फैकल्टीज़ और यूरोपियन रिसर्च कौंसिल ने अनुदान दिया था। इसे 30 जून को रॉयल एस्ट्रोनॉमिकल सोसायटी की नेशनल एस्ट्रोनॉमी मीटिंग में प्रस्तुत किया गया।
  दुनिया के एक-तिहाई लोग आकाशगंगा नहीं देख पाते    दुनिया के एक-तिहाई लोग आकाशगंगा नहीं देख पातेमिल्की वे के पीछे सैकड़ों आकाशगंगाएं मिल्की वे के पीछे सैकड़ों आकाशगंगाएं वैज्ञानिकों ने खोजा आकाशगंगा का नया हिस्सायह भी पढ़े : वैज्ञानिकों ने खोजा आकाशगंगा का नया हिस्सा

Vote: 
No votes yet

New Science news Updates

icon Total views
जब पृथ्वी पर अधिकतर प्रजातियां नष्ट हो गईं... जब पृथ्वी पर अधिकतर प्रजातियां नष्ट हो गईं... 1,852
ग्लास डिस्क ग्लास डिस्क' पर अरबों साल तक स्टोर रहेंगे डेटा 1,567
झील जहाँ 'दुनिया ख़त्म हो' जाती है ! झील जहाँ 'दुनिया ख़त्म हो' जाती है ! 4,622
wi-fi  से 100 गुना तेज़ है li-fi wi-fi से 100 गुना तेज़ है li-fi 3,424
वाई-फाई के माध्यम से लोगों की सटीक गिनती वाई-फाई के माध्यम से लोगों की सटीक गिनती 1,551
क्या आप जानते है कि कुत्ते मुस्कुराते भी हैं क्या आप जानते है कि कुत्ते मुस्कुराते भी हैं 443
क्या हुवा जब Nasa ने एक बंदर को Space मे भेजा ? 385
क्या शुक्र ग्रह में कभी इंसान रहते थे ? जानिए शुक्र ग्रह के इतिहास को क्या शुक्र ग्रह में कभी इंसान रहते थे ? जानिए शुक्र ग्रह के इतिहास को 401
प्लूटो के साथ क्या हुआ क्या प्लूटो अब नही रहा ? प्लूटो के साथ क्या हुआ क्या प्लूटो अब नही रहा ? 420
फ्रंट कैमरा युक्‍त स्मार्टफोन दुनिया का पहला डुएल फ्रंट कैमरा युक्‍त स्मार्टफोन 1,464
गूगल ग्‍लास नया गूगल ग्‍लास : बिना कांच के 3,114
पृथ्वी के भीतर हो सकते हैं महासागर पृथ्वी के भीतर हैं महासागर जाने विस्तार से 6,751
नेगेटिव ब्लड ग्रुप वाले सभी लोग एलियन्स के वंशज है? नेगेटिव ब्लड ग्रुप वाले सभी लोग एलियन्स के वंशज है? 2,323
बढती ऊम्र की महिलाएं क्यों भाती है पुरूषों को- कारण बढती ऊम्र की महिलाएं क्यों भाती है पुरूषों को- कारण 2,046
मरने से ठीक पहले दिमाग क्या सोचता है | मरने से ठीक पहले दिमाग क्या सोचता है | 2,212
अरबों किलोमीटर का सफ़र संभव अरबों किलोमीटर का सफ़र संभव 2,875
बैंक को बदल रहा है सोशल मीडिया! आपके बैंक को बदल रहा है सोशल मीडिया! 1,352
अलग-अलग ग्रहों से आए हैं पुरुष और महिलाएं? अलग-अलग ग्रहों से आए हैं पुरुष और महिलाएं? 1,670
पुराने स्मार्टफ़ोन अब भी काफी काम की चीज़ पुराने स्मार्टफ़ोन अब भी काफी काम की चीज़ 2,029
सेल्‍फी का एंगल खोलता है पर्सनालिटी के राज सेल्‍फी का एंगल खोलता है पर्सनालिटी के राज 2,260